
एशियन गेम्स: एशियन गेम्स में भारतीय कबड्डी टीम के गोल्ड मेडल जीतने के बाद कबड्डी खिलाड़ी आशु मलिक अपने गांव खानपुर कलां पहुंचे। हरियाणा के सोनीपत स्थित गांव में उनके पहुंचते ही ग्रामीणों और परिवार के लोगों ने उनका जोरदार स्वागत किया। ढोल-नगाड़ों के साथ गांव में विशाल जुलूस निकाला गया और आशु मलिक का फूल-मालाओं से स्वागत किया गया। आशु मलिक के गांव लौटने की खबर के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण उनके स्वागत के लिए पहुंचे। गांव की गलियों में जश्न का माहौल नजर आया। परिवार के लोगों और ग्रामीणों के बीच अपने गांव के खिलाड़ी की उपलब्धि को लेकर उत्साह देखने को मिला।
दादी को पहनाया गोल्ड मेडल
गांव पहुंचने के बाद आशु मलिक ने अपना एशियन गेम्स का गोल्ड मेडल अपनी दादी को पहनाया। पोते की इस उपलब्धि पर दादी भी बेहद खुश नजर आईं। आशु और उनकी दादी के बीच का यह पल परिवार और ग्रामीणों के लिए भावुक और गर्व से भरा रहा। आशु मलिक ने कहा कि भारतीय कबड्डी टीम के एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीतने से उन्हें बेहद खुशी है। उन्होंने कहा कि इस टीम का हिस्सा बनने का अवसर मिलना उनके लिए गर्व की बात है।
आशु मलिक ने अपने गांव के लोगों का भी आभार जताया। उन्होंने कहा कि गांव पहुंचने पर जिस तरह से ग्रामीणों ने उनका स्वागत किया, उसके लिए वह सभी के आभारी हैं। उन्होंने ग्रामीणों के प्यार और समर्थन के लिए धन्यवाद दिया। आशु मलिक के गोल्ड मेडल जीतकर गांव लौटने पर परिवार के लोगों ने भी खुशी जाहिर की। परिजनों ने उनकी उपलब्धि को पूरे परिवार और गांव के लिए गर्व का पल बताया। एशियन गेम्स में भारतीय कबड्डी टीम की सफलता के बाद खानपुर कलां में भी जश्न का माहौल देखने को मिला।