
बिहार: बिहार विधान परिषद के आगामी द्विवार्षिक चुनाव को लेकर कांग्रेस ने पांच सीटों पर अपने उम्मीदवारों के नाम घोषित किए हैं। पार्टी की ओर से जारी सूची में दरभंगा शिक्षक, कोसी स्नातक, दरभंगा स्नातक, पटना शिक्षक और पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के लिए प्रत्याशियों के नाम शामिल हैं। कांग्रेस के मुताबिक, पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की मंजूरी के बाद अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी ने उम्मीदवारों की सूची जारी की। इसके साथ ही इन पांच निर्वाचन क्षेत्रों में कांग्रेस की ओर से चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों की तस्वीर स्पष्ट हो गई है। पार्टी की ओर से जारी सूची के अनुसार दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से डॉ. मदन मोहन झा, कोसी स्नातक से मनोज कुमार जायसवाल, दरभंगा स्नातक से रजनीकांत पाठक, पटना शिक्षक से डॉ. संजय यादव और पटना स्नातक से डॉ. असदुल्लाह खान को उम्मीदवार बनाया गया है।
इन पांच सीटों पर घोषित किए उम्मीदवार
दरभंगा शिक्षक सीट से डॉ. मदन मोहन झा को प्रत्याशी बनाया जाना प्रमुख नामों में शामिल है। बिहार विधान परिषद की आधिकारिक वेबसाइट भी डॉ. मदन मोहन झा को दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से कांग्रेस के सदस्य के रूप में दर्ज करती है। वहीं, कांग्रेस ने कोसी और दरभंगा के स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के साथ पटना के शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में भी अपने प्रत्याशी उतारे हैं। पांचों सीटों पर नामों की घोषणा के बाद संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों में कांग्रेस के उम्मीदवार तय हो गए हैं।
बिहार विधान परिषद के स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र अलग-अलग मतदाता वर्गों से जुड़े होते हैं। निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के लिए मतदाता बनने की अलग पात्रता होती है, जबकि शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के लिए निर्धारित अवधि तक पात्र शिक्षण संस्थानों में अध्यापन का अनुभव आवश्यक होता है। कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि घोषित उम्मीदवार आगामी बिहार विधान परिषद द्विवार्षिक चुनाव में संबंधित स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों से पार्टी का प्रतिनिधित्व करेंगे।
दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में डॉ. मदन मोहन झा का नाम पहले से ही राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण रहा है। बिहार विधान परिषद के रिकॉर्ड में भी उन्हें इसी निर्वाचन क्षेत्र से कांग्रेस का सदस्य दर्ज किया गया है। कांग्रेस की ओर से पांच उम्मीदवारों के नाम घोषित किए जाने के साथ ही इन निर्वाचन क्षेत्रों में चुनावी गतिविधियां तेज होने की संभावना है। आने वाले समय में अन्य राजनीतिक दलों के उम्मीदवारों और चुनावी तैयारियों से मुकाबले की तस्वीर और स्पष्ट होगी।